Agra Lucknow Expressway: दिल्ली एनसीआर से जुड़े लोगों के लिए एक बड़ी खबर सामने आ रही है। दरअसल, आगरा-लखनऊ एक्सप्रेसवे पर अब तेज रफ्तार से दौड़ने वाले वाहनों पर लगाम लग सकती है। इसके लिए उत्तर प्रदेश एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (UPEIDA) एक्सप्रेसवे पर अधिकतम गति सीमा को 120 किलोमीटर प्रति घंटे से घटाकर 75 किलोमीटर प्रति घंटा करने पर विचार कर रहा है। यह कदम लगातार बढ़ रही सड़क दुर्घटनाओं को रोकने के लिए उठाया जा रहा है
खबरों की मानें, हाल ही में UPEIDA की बैठक में हादसों का आंकड़ा और उनके कारणों का विश्लेषण किया गया है।
इस बैठक की अध्यक्षता UPEIDA के मुख्य कार्यपालक अधिकारी दीपक कुमार ने की। वहीं अतिरिक्त CEO श्रीहरि प्रताप शाही ने बताया कि सर्दियों की रातों में घने कोहरे और कम विजिबलिटी की वजह से दुर्घटनाओं की संभावना बढ़ जाती है।
उन्होंने कहा कि हादसों को कम करने के लिए स्पीड लिमिट घटाने का प्रस्ताव सामने आया है।जिसका अभी मूल्यांकन किया जा रहा है।तेज रफ्तार के साथ शराब पीकर वाहन चलाना और चालक की थकान भी इनमें बड़े कारण हैं।
बताया जा रहा है कि छोटी कारों के साथ-साथ भारी वाहनों और बसों पर भी नई गति सीमा लागू करने का प्रस्ताव है। फिलहाल, सभी सुझावों पर चर्चा जारी है और अंतिम निर्णय जल्द लिया जा सकता है।
खबरों की मानें, तो बैठक में यह भी तय किया गया कि सड़क नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कैमरा-आधारित सिस्टम से नजर रखी जाएगी।
ऐसे किया जाएगा चालान
-सही लेन में वाहन न चलना
-दोपहिया पर बिना हेलमेट के मिलना
ट्रिपल राइडिंग जैसे नियमों के उल्लंघन
इस तरह के डिजिटल सबूतों के आधार पर चालान जारी होगा। वहीं स्पीड लिमिट तोड़ने पर ई-चालान पहले से लागू है। इसके साथ ही कई स्थानों पर इंटरसेप्टर वाहनों और लेजर कैमरे भी बढ़ाए गए है।












