New Expressway: दिल्ली और गुरुग्राम के बीच कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए केंद्र सरकार ने एम्स से गुरुग्राम तक एक नया एक्सप्रेसवे बनाने की योजना पर काम शुरू कर दिया है। यह एक्सप्रेसवे महिपालपुर के रास्ते से गुज़रेगा और परियोजना के लिए डिटेल्ड प्रोजेक्ट रिपोर्ट (DPR) तैयार की जा रही है।
मिली जानकारी के अनुसार, DPR में यह स्पष्ट किया जाएगा कि किस हिस्से को भूमिगत और किसे एलिवेटेड बनाया जाएगा। माना जा रहा है कि एम्स से महिपालपुर तक का हिस्सा भूमिगत होगा जबकि बाकी हिस्सा एलिवेटेड होगा। DPR पूरी होने के बाद स्थिति पूरी तरह साफ हो जाएगी। New Expressway
जानकारी के मुताबिक, इस समय एम्स से गुरुग्राम के सिरहौल बॉर्डर तक पहुंचने में कम से कम डेढ़ घंटे का समय लगता है। वहीं, गुरुग्राम-फरीदाबाद रोड तक पहुंचने में दो घंटे तक लग जाते हैं। नए एक्सप्रेसवे के निर्माण के बाद यह समय घटकर मात्र 20-25 मिनट रह जाएगा। इससे दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेसवे पर महिपालपुर और सिरहौल के बीच ट्रैफिक जाम में भारी कमी आएगी। New Expressway
सिग्नल-फ्री कॉरिडोर
मिली जानकारी के अनुसार, प्रस्तावित एक्सप्रेसवे की लंबाई लगभग 35 किलोमीटर होगी और यह पूरी तरह सिग्नल-मुक्त होगा। इस परियोजना की अनुमानित लागत लगभग 5,000 करोड़ रुपये है। यह एक्सप्रेसवे गुरुग्राम में घाटा गांव के पास गुरुग्राम-फरीदाबाद रोड से जुड़ेगा और इसके सभी हिस्से चाहे वे भूमिगत हों या एलिवेटेड छह-छह लेन के होंगे। New Expressway
जानकारी के मुताबिक, यह एक्सप्रेसवे दिल्ली के एम्स INA से शुरू होकर ब्रिगेडियर होशियार सिंह मार्ग, अफ्रीका एवेन्यू, वसंत विहार, नेल्सन मंडेला मार्ग और वसंत कुंज से होकर गुज़रेगा। यह दिल्ली में एयरपोर्ट की ओर जाने वाली प्रमुख सड़कों को भी जोड़ेगा। New Expressway
पूरा नेटवर्क
मिली जानकारी के अनुसार, यह नया एक्सप्रेसवे दिल्ली और हरियाणा के कई मुख्य मार्गों से जुड़ेगा। यह गुरुग्राम-फरीदाबाद रोड से जुड़कर एसपीआर (साउथर्न पेरिफेरल रोड) से जुड़ेगा, जो आगे दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेसवे और द्वारका एक्सप्रेसवे को जोड़ता है। इसके अतिरिक्त, यह गुरुग्राम-सोहना हाईवे के वाटिका चौक से होते हुए दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे से भी जुड़ेगा। इस प्रकार यह एक्सप्रेसवे दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश और गुजरात जैसे राज्यों के यात्रियों के लिए एक वैकल्पिक मार्ग प्रदान करेगा। New Expressway
राहत की उम्मीद
जानकारी के मुताबिक, दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेसवे पर सबसे ज्यादा जाम महिपालपुर और सिरहौल बॉर्डर के बीच लगता है। यहां हर दिन औसतन तीन लाख वाहन गुजरते हैं, खासकर सुबह 8 से 11 बजे और शाम 5 से 9 बजे के बीच। द्वारका एक्सप्रेसवे बनने के बावजूद यह इलाका ट्रैफिक के लिहाज से चुनौती बना हुआ है। New Expressway
मिली जानकारी के अनुसार, नई परियोजना पूरी होने पर दिल्ली एयरपोर्ट या एम्स से निकलने वाले वाहन सीधे फरीदाबाद, पलवल, नूंह, जयपुर, अलवर, दौसा और यहां तक कि वडोदरा और मुंबई तक जा सकेंगे, बिना सिरहौल बॉर्डर, इफको चौक या राजीव चौक जैसे भीड़भाड़ वाले इलाकों से गुज़रे। इससे यात्रियों को समय की बचत तो होगी ही, साथ ही दिल्ली-एनसीआर के ट्रैफिक दबाव को भी काफी हद तक कम किया जा सकेगा।












