Haryana News: हरियाणा सरकार ने भारत सरकार की ओर से 1 नवंबर से 30 नवंबर 2025 तक पूरे देश में चलाए जा रहे राष्ट्रव्यापी डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र अभियान 4.0 (NWDLC) में अपनी भागीदारी की घोषणा की है।
दरअसल, पेंशनभोगियों के लिए डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र जमा करने में आसानी और सुविधा सुनिश्चित करने के लिए यह अभियान पूरे हरियाणा में चलाया जाएगा। इसकी जानकारी हरियाणा के कोषागार एवं लेखा विभाग के महानिदेशक सीजी रजनी कांथन ने दी है।
उन्होंने बताया कि अभियान के प्रभावी कार्यान्वयन और समन्वय के लिए पंचकूला स्थित पेंशन वितरण प्रकोष्ठ (PDC) के संयुक्त निदेशक राकेश राठी को राज्य नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है, जबकि हरियाणा (चंडीगढ़ सहित) के सभी कोषागार अधिकारियों को अपने-अपने जिलों के लिए उप-नोडल अधिकारी नियुक्त किया गया है। कोषागार अधिकारियों को अभियान के सुचारू और सफल क्रियान्वयन के लिए सभी आवश्यक उपाय करने के निर्देश दिए गए हैं।
2.41 लाख पेंशनभोगियों को मिलेगी राहत
उन्होंने बताया कि इस पहल से करीब 2.41 लाख हरियाणा सरकार के पेंशनभोगी और पारिवारिक पेंशन भोगी लाभान्वित होंगे, जो ई-पेंशन के माध्यम से कोषागारों/उप-कोषागारों और पेंशन वितरण बैंकों (एसबीआई, पीएनबी, बीओआई, यूबीआई, सीबीआई, केनरा बैंक) के माध्यम से पेंशन प्राप्त करते हैं।
उन्होंने बताया कि इस अभियान का उद्देश्य पेंशनभोगियों को सरल डिजिटल तरीकों से अपने डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र (डीएलसी) जमा करने में सुविधा प्रदान करना है, जिससे समय पर और निर्बाध पेंशन वितरण सुनिश्चित हो सके।
उन्होंने सभी पेंशनभोगियों का आह्वान किया कि वे इस अभियान का पूरा लाभ उठाएं और अपने डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र या तो निकटतम कोषागार कार्यालय में या फिर अपने घर बैठे स्मार्टफोन का उपयोग करके “जीवन प्रमाण” पोर्टल या मोबाइल ऐप के माध्यम से जमा करें।









