Haryana News: नाथूसरी चौपटा क्षेत्र में सडक़ों पर हर दिन लाखों लोग अपनी मंज़िल की ओर भागते हैं। किसी के हाथ में मोबाइल होता है, किसी के सिर पर काम का बोझ, किसी के मन में चिंता, किसी के चेहरे पर नकली मुस्कान। बुधवार के दिन समाजसेवी रघुबीर कड़वासरा अपने प्रतिष्ठान पर बैठे हुए थे। इसी दौरान 12 साल का बच्चा भीख मांगने के लिए पहुंचा। जब बच्चे ने जैसे ही अपना हाथ भीख मांगने के लिए आगे किया। इसके बाद समाजसेवी के दिल से एक ही आवाज उठी।
इस उम्र में बच्चे को स्कूल में होना चाहिए। यह भीख मांग रहा है। इसके बाद पहले बच्चे को चाय पिलाई। इसके बाद साथ में बैठकर खाना खाया। इसके बाद बच्चे को अपने साथ गाड़ी में बच्चे के माता पिता के पास ले गये। उन्होंने बच्चे के पिता शनि व उसकी मां को समझाया कि बच्चे से भीख मांगवा रहे हो, भीख मांगवाना कानूनी अपराध है। इस बच्चे की उम्र अभी पढ़ाई की है। इसके बाद पता चला कि बच्चे की बहन भी स्कूल नहीं जा रही है। समाजसेवी रघुबीर कड़वासरा ने कहा कि बच्चे का जितना भी पढ़ाई पर खर्च होगा। खुद वहन करेंगे। इसके बाद दोनों बच्चों को लेकर मार्केट में वर्दी दिलाने के साथ कॉपी व किताबें दिलाई। इसके बाद स्कूल में लेकर बच्चों को पहुंचे।
इसके बाद स्कूल में पहुंचने के बाद शिक्षक हरपाल सिंह को बच्चों का दाखिला करने व पढ़ाई करवाने की बात कही। शिक्षक हरपाल ने कहा कि पढऩे का सबको अधिकार है। बच्चों को प्रतिदिन स्कूल में भेजे। इसके बाद लड़के के पिता और माता ने प्रतिदिन स्कूल भेजने की बात कही।









