Haryana : हरियाणा के फतेहाबाद जिले से बड़ी खबर आ रही है। दरअसल, सरकारी भर्तियों में खेल कोटे के नाम पर फर्जीवाड़ा अब बड़े स्तर पर सामने आया है। जिसके चलते प्रदेश सरकार को भेजी गई जांच रिपोर्ट में खेल विभाग ने कई खिलाड़ियों के प्रमाणपत्रों को संदिग्ध, अमान्य और यहां तक कि फर्जी घोषित किया है।
रिपोर्ट में कई ऐसे सर्टिफिकेट भी पाए गए हैं जो न तो किसी मान्यता प्राप्त प्रदेश संघ की ओर से जारी किए गए हैं और न ही राष्ट्रीय महासंघ या इंडियन ओलंपिक एसोसिएशन से संबद्ध हैं। एसोसिएशन ने बिना मान्यता के ही खेल के प्रमाणपत्र खिलाड़ियों को जारी कर दिए।
जांच रिपोर्ट के मुताबिक खिलाड़ियों के सर्टिफिकेट की लिस्ट बनाकर संबंधित फेडरेशनों से सत्यापन कराया गया। जांच में बड़ी संख्या में ऐसे सर्टिफ़िकेट निकले जो संबंधित एसोसिएशन से संबद्ध नहीं है।
खबरों की मानें, तो रिपोर्ट से पता चलता है कि पिछले कुछ सालों में खेल कोटे के नाम पर बड़े पैमाने पर फर्जी सर्टिफिकेट बनाकर नौकरियों में फायदा उठाने की कोशिश हुई। इससे न केवल वास्तविक खिलाड़ियों का हक मारा गया बल्कि भर्तियों की पारदर्शिता पर भी सवाल उठे। कई सर्टिफिकेट तो 2012, 2014, 2016 और 2018 की प्रतियोगिताओं के बताए जा रहे थे लेकिन संबंधित संघों ने ऐसे आयोजनों के होने से ही इन्कार कर दिया। कुछ खिलाड़ियों को असली और नकली दोनों तरह के दस्तावेज लेकर आते पाया गया।
जांच रिपोर्ट में बताया गया है कि कई प्रमाणपत्र जूनियर कैटेगरी के थे जबकि उम्मीदवार ने उन्हें सीनियर कैटेगरी के रूप में नौकरी में लगाया जो नियमों के खिलाफ है।









