Haryana News: हरियाणा के हांसी से बड़ी खबर आ रही है। यहां पराली जलाने की घटनाओं पर रोक के लिए प्रशासन ने किसानों के साथ-साथ सरकारी कर्मचारियों पर भी कार्रवाई शुरू कर दी है। पराली जलने की घटनाएं रोकने में नाकाम रहने और प्रशासन को सूचना न देने पर दो ग्राम सचिवों और एक पटवारी को शोकॉज नोटिस जारी किए गए हैं। इसके अलावा तीन सरपंचों को भी कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है और तीन दिन में जवाब मांगा गया है। वहीं दो किसानों के चालान किए गए और दो के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई गई।
जानकारी के मुताबिक, प्रशासन ने पराली में आग पर तत्काल प्रभाव से नियंत्रण के लिए दमकल विभाग की गाड़ियों को गांवों में तैनात किया गया है। यह गाड़ियां सोमवार से गांवों में तैनात रहेंगी। दमकल गाड़ियों को आग की घटनाओं पर तत्काल काबू पाने को तैनात किया जाएगा। पराली में आग पर रोक के लिए एसडीएम राजेश खोथ और अधिकारी रविवार को फील्ड में रहे। बताया जा रहा है कि गाड़ी के साथ दमकल विभाग की गाड़ी को भी भेजा गया। अधिकारियों की टीम ने मौके पर पहुंचकर 7 किसानों को पराली में आग लगाने से रोका। वहीं खेड़ी गंगन और ढाणी पाल में दो किसानों के चालान किए गए। SDM ने सिसाय बोलान, सिसाय कालीरामन, गंगन खेड़ी व अन्य गांवों में किसानों को जागरूक किया।
अधिकारियों ने किया किसानों को जागरूक
बताया जा रहा है कि अधिकारियों के दौरे के दौरान राजपुरा में पराली में आग लगी पाई गई। दमकल विभाग की गाड़ी ने आग को तत्काल बुझा दिया। एसडीएम ने किसानों को पराली पराली में आग लगने के नुकसान से अवगत कराया। उन्होंने कहा पराली जलाने के कई नुकसान हैं, जिनमें पर्यावरण और स्वास्थ्य को नुकसान प्रमुख हैं। पराली में आग से मिट्टी के पोषक तत्व नष्ट हो जाते हैं, वायु प्रदूषण होता है और ग्रीनहाउस गैसें निकलती हैं।
दिन में गाँवों में तैनात रहेंगी दमकल गाड़ियां
वहीं पराली में आग की घटनाओं पर तत्काल प्रभाव से रोक लगाने के लिए सोमवार से गांवों में दमकल गाड़ियां तैनात की जाएंगी। यह गाड़ियां राजपुरा, खांडा खेड़ी और बास में तैनात की जा रही हैं। फिलहाल यह गाड़ियां सुबह 10 से शाम 5 बजे तक तैनात रहेंगी। जरूरत पड़ी तो समय में बदलाव किया जा सकता है। गांवों में दमकल गाड़ियां अगले आदेश तक तैनात रहेंगी। यह गाड़ियां हांसी और नारनौंद के दमकल केंद्रों से भेजी जाएंगी।
क्या बोले एसडीएम
खबरों की मानें, तो हांसी के एसडीएम राजेश खोथ ने बताया कि कर्मचारियों कर्मचारियों को नोटिस जारी कर तीन दिन में जवाब मांगा है। जवाब न देने पर कार्रवाई की जाएगी। दो किसानों के खिलाफ फसल अवशेष में आग लगाने पर कार्रवाई की गई है। सिसाय में किसानों ने छह बेलर की मांग की। जिस पर वहां तीन बेल उपलब्ध करवाए गए।









